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Mumbai : बुर्का नहीं पहनने पर पत्नी की हत्या, पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार किया

मुंबई से एक चौंकाने वाली वारदात सामने आई है। जहां 36 वर्षीय युवक ने अपनी पत्नी की इस्लामिक सिद्धांतों का पालन न करने मतलब ‘बुर्का’ पहनने से इनकार करने पर चाकू से हमला कर हत्या कर दी. पुलिस ने मंगलवार को मामले का खुलासा करते हुए ये जानकारी दी। घटना सोमवार को तिलक नगर में हुई.

दरअसल, आरोपी इकबाल शेख ने हिंदू रूपाली चंदनशिव से धर्म परिवर्तन कराकर शादी की थी. शादी के बाद उसका नाम जारा रखा गया, और उनका दो साल का बेटा अली भी है। पुलिस के मुताबिक, दोनों ने तीन साल पहले प्रेम विवाह किया था. लेकिन हाल ही में, वह अक्सर घरेलू मुद्दों पर झगड़ते रहते थे, खासकर जब जारा ने घर से बाहर जाने के दौरान बुर्का पहनने से इनकार कर दिया.

लड़ाई झगड़े के बाद जारा अपने माता-पिता के साथ रहने चली गई थी और उनका बेटा अपने पिता शेख के साथ पिछले कई महीनों से रह रहा था. कुछ समय बाद, जारा अपनी महिला दोस्त के साथ चेंबूर में एक किराये के घर में रहने लगी और सोमवार की देर रात, कुछ स्थानीय लोगों ने उसके परिवार को सूचित किया कि उस पर हमला किया गया है.

जब उसके माता-पिता वहां पहुंचे, तो उन्होंने जारा को खून से लथपथ पाया और उसकी गर्दन और हाथों पर छुरा घोंपा गया था। वह उसे घाटकोपर के राजावाड़ी अस्पताल ले गए, जहां उसने दम तोड़ दिया। कुछ प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर पुलिस ने शेख के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है.

Bihar: BJP के खिलाफ रणनीति बनाने के लिए विपक्षी दलों के नेता से जल्द ही दिल्ली में एक साथ बैठक करेंगे- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Bihar Chief Minister Nitish Kumar) ने मंगलवार को कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा (BJP) के खिलाफ रणनीति बनाने के लिए विपक्षी दलों के नेता जल्द ही दिल्ली में एक साथ बैठेंगे. पशुपालन एवं मत्स्य पालन विभाग में चयनित व्यक्तियों को नियुक्ति पत्र बांटने के बाद उन्होंने कहा, “हम देश के विपक्षी दलों के नेताओं से नियमित रूप से बातचीत कर रहे हैं. हम दिल्ली में साथ बैठकर 2024 के लोकसभा चुनाव की रणनीति बनाएंगे.”

सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) के साथ अपनी हालिया मुलाकात पर नीतीश कुमार ने कहा कि वह अपनी ही पार्टी में चुनाव में व्यस्त हैं. उन्होंने कहा, “उस चुनाव के बाद हम भाजपा को हराने के लिए विपक्षी दलों का एजेंडा तय करेंगे.” 

बैठक पर भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी की टिप्पणी पर नीतीश कुमार ने कहा: “मुझे सुशील कुमार मोदी के बयान से कोई आपत्ति नहीं है. अगर उन्हें अपनी पार्टी में मुझे निशाना बनाकर कोई पद मिलता है, तो मुझे इससे बहुत खुशी होगी. मैं वास्तव में उनके बयानों का आनंद लिया.”

PFI पर बैन के फैसले का BJP ने किया स्वागत, Congress पर लगाया बढ़ावा देने का आरोप

केंद्र सरकार ने गैर-कानूनी गतिविधियों में लिप्त पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (Popular Front of India) पर पांच वर्ष के लिए प्रतिबंध लगा दिया है. केंद्रीय गृह मंत्रालय की तरफ से जारी अधिसूचना में पीएफआई को गैर-कानूनी संस्था घोषित करते हुए यूएपीए एक्ट के तहत इस पर बैन लगाया गया है. इसके साथ ही सरकार ने पीएफआई से जुड़े कई अन्य सहयोगी संगठनों पर भी बैन लगाने की घोषणा की है. केंद्र सरकार के मंत्रियों और भाजपा नेताओं ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के फैसले का स्वागत करते हुए गृहमंत्री अमित शाह को बधाई दी है. केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने पीएफआई पर बैन लगाने के गृह मंत्रालय की अधिसूचना की कॉपी को शेयर करते हुए ट्वीट कर कहा, “बाय बाय पीएफआई!”

भाजपा राष्ट्रीय महासचिव सी.टी. रवि ने भी पीएफआई पर बैन लगाने के गृह मंत्रालय की अधिसूचना की कॉपी को शेयर करते हुए ट्वीट कर कहा, “घरेलू स्तर पर बढ़ रहे आतंकवाद के खिलाफ बड़ा कदम उठाते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) और उसके सहयोगी संगठनों पर पांच साल के लिए बैन लगा दिया है.” रवि ने कांग्रेस पर पीएफआई को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए आगे कहा, “कांग्रेस द्वारा पोषित पीएफआई के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को बधाई.”

वहीं उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी एवं वर्तमान राज्यसभा सांसद बृज लाल ने पीएफआई के खिलाफ कार्रवाई को भाजपा सरकार की मजबूत इच्छाशक्ति का परिचायक बताते हुए ट्वीट कर कहा, “पीएफआई को प्रतिबंधित करने के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं गृहमंत्री अमित शाह को साधुवाद. एक अतिवादी इस्लामिक संगठन का अब समूल नष्ट किया जा सकेगा, जो देश की एकता, अखंडता के लिए खतरा बन चुका था.”

Rajasthan Political Crisis: कांग्रेस अध्यक्ष चुनाव संकट खत्म करने के लिए सोनिया से मिल सकते हैं मुख्यमंत्री अशोक गहलोत

राजस्थान कांग्रेस में संकट के बीच खबर है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत सोनिया गांधी से मिल सकते हैं और पूरी घटना पर स्पष्टीकरण दे सकते हैं. सूत्रों से ये जानकारी मिली है. गहलोत बताएंगे कि उनके समर्थक विधायकों ने जयपुर में विधायक दल की बैठक का क्यों बहिष्कार किया. सूत्रों ने बताया कि वह 30 सितंबर तक दिल्ली में रहेंगे. कांग्रेस नेताओं का एक धड़ा अध्यक्ष पद के लिए एक बार फिर गहलोत के नाम पर जोर दे रहा है. सूत्रों ने बताया कि फैसला बुधवार शाम तक लिया जा सकता है. खबरों के मुताबिक, राजस्थान का मौजूदा संकट भी अगले दो दिनों में सुलझा लिया जाएगा.

सीएम पद के लिए गहलोत खेमे के कड़े विरोध का सामना कर रहे सचिन पायलट पहले से ही दिल्ली में हैं. अभी तक पायलट चुप्पी साधे हुए हैं. सूत्रों के मुताबिक सीएम पद को लेकर भी जल्द फैसला हो सकता है. कांग्रेस ने मंगलवार को राजस्थान के संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल, पार्टी के मुख्य सचेतक महेश जोशी और आरटीडीसी अध्यक्ष धर्मेंद्र राठौर को जयपुर में पार्टी विधायकों की समानांतर बैठक करने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया. धारीवाल को जारी नोटिस में कहा गया है कि संसदीय कार्य मंत्री होने के नाते उन्होंने अपने आवास पर समानांतर विधायकों की बैठक आयोजित कर गंभीर अनुशासनहीनता की है और इस प्रकार विधायकों पर आधिकारिक बैठक में शामिल नहीं होने के लिए दबाव डाला. 

इनसे दस दिनों में जवाब मांगा गया है. नोटिस में ये भी कहा गया है कि धारीवाल ने समानांतर बैठक तब बुलाई जब पार्टी के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और राजस्थान प्रभारी अजय माकन ने बार-बार स्पष्ट किया कि वे हर विधायक से व्यक्तिगत और निष्पक्ष रूप से बात करने आए हैं. इसी तरह, जोशी को दिए गए नोटिस में कहा गया है कि मुख्य सचेतक के रूप में, उन्होंने आधिकारिक सीएलपी (कांग्रेस विधायक दल) की बैठक का बहिष्कार कर पर्यवेक्षकों के समय विधायकों की समानांतर बैठक में भाग लेकर गंभीर अनुशासनहीनता की है. पर्यवेक्षकों ने अपनी रिपोर्ट और नोटिस में गहलोत का नाम नहीं लिया है. सूत्रों के मुताबिक, आलाकमान स्थिति को सुलझाने और आगे के विवादों से बचने की कोशिश कर रहा है.

Jharkhand: ‘डायन’ बताकर एक ही परिवार की 3 महिलाओं दो दिनों तक पिलाया मल-मूत्र, गर्म रॉड से भी दागा

झारखंड में दुमका के अस्वारी गांव में ‘जादू-टोने’ का आरोप लगाकर तीन महिलाओं सहित एक ही परिवार के चार लोगों को गर्म लोहे की छड़ों से प्रताड़ित करने के बाद उन्हें मल-मूत्र पीने के लिए विवश किया गया. पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी. पुलिस ने घटना की जानकारी मिलने के बाद पीड़ितों को बचाया और अस्पताल में भर्ती कराया.

पुलिस के अनुसार, दुमका जिला के सरैयाहाट थाना क्षेत्र स्थित अस्वारी गांव में ‘डायन’ बताकर एक ही परिवार की तीन महिलाओं और एक पुरुष को भयावह रूप से प्रताड़ित करने का शर्मनाक मामला सामने आया है. पुलिस ने बताया कि उन्हें जबरन मल-मूत्र पिलाया गया और गर्म लोहे की छड़ों से शरीर को दागा भी गया.

सरैयाहाट के थाना प्रभारी विनय कुमार ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि अमानवीय प्रताड़ना का यह दौर शनिवार की रात आठ बजे से रविवार तक चला. थाना प्रभारी ने बताया कि अस्वारी गांव के ही लोगों ने ‘जादू-टोना’ करने के शक में तीन ग्रामीण महिलाओं- रसी मुर्मू (55), सोनमुनी टुड्डू (60) और कोलो टुड्डू (45) तथा श्रीलाल मुर्मू नामक 40-वर्षीय पुरुष की जमकर पिटाई की तथा उसके बाद उन्हें जबरन मल-मूत्र पिलाया.

उन्होंने बताया कि घटना के बाद पीड़ित परिवार इस कदर सहमा हुआ था कि किसी ने पुलिस से मदद मांगने की हिम्मत तक नहीं की. उन्होंने बताया कि रविवार को जब घटना की जानकारी मिली तो पुलिस बल ने गांव में जाकर चारों पीड़ितों को छुड़ाकर इलाज के लिए सरैयाहाट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां से चिकित्सक ने सोनामुनी टुड्डू और श्रीलाल मुर्मू की गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उन्हें देवघर के एक अस्पताल भेज दिया.

थाना प्रभारी के अनुसार मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गयी है और आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए धरपकड़ जारी है.

Mumbai: दाऊद इब्राहिम का सहयोगी रियाज भाटी मुंबई में रंगदारी के आरोप में गिरफ्तार

मुंबई पुलिस की एंटी एक्सटॉर्शन सेल ने सोमवार को व्यवसायी रियाज भाटी को रंगदारी के एक मामले में गिरफ्तार किया. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम का करीबी सहयोगी रियाज भाटी वर्सोवा पुलिस थाने में दर्ज रंगदारी मामले में वांछित था.

अधिकारियों के अनुसार, वर्सोवा के एक व्यापारी को धमकाया गया और उससे ₹30 लाख की एक कार और ₹7.5 लाख की नकदी की मांग की गई. उन्होंने बताया कि पूरे मामले में दाऊद इब्राहिम के करीबी छोटा शकील और शकील के रिश्तेदार सलीम फ्रूट को भी प्राथमिकी में नामजद किया गया है.

मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी एक्सटॉर्शन सेल ने आरोपी को अंधेरी वेस्ट से गिरफ्तार किया. रियाज भाटी को मंगलवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा. इससे पहले भाटी को रंगदारी, जमीन हड़पने और फायरिंग समेत कई मामलों में गिरफ्तार किया जा चुका है. अधिकारियों ने बताया कि उसने 2015 और 2020 में फर्जी पासपोर्ट का इस्तेमाल कर देश से भागने की भी कोशिश की थी. 

Supreme Court में Constitution Bench की सुनवाइयों का आज से सीधा प्रसारण, जानिए कहां होगी कार्यवाही की लाइव स्ट्रीम

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) आज से अपनी संविधान पीठ (Constitution Bench) की कार्यवाही (Proceedings) को लाइव स्ट्रीम (Live Stream) करने जा रहा है. पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रधान न्यायाधीश यूयू ललित (CJI UU Lalit) की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के पास जल्द ही लाइव-स्ट्रीम करने के लिए अपना प्लेटफॉर्म होगा.

संविधान पीठ में आज आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आरक्षण को चुनौती देने वाली याचिकाओं की सुनवाई होगी. वहीं, केंद्र और दिल्ली सरकार के बीच सेवाओं के नियंत्रण को लेकर एक मामले की सुनवाई होगी. इन मामलों की सुनवाई का पहला नियमित वेबकासट आज से शुरू किया जाएगा.

आज से ठीक चार साल पहले 27 सितंबर 2018 को तत्कालीन प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ ने संवैधानिक महत्व के मामलों में महत्वपूर्ण कार्यवाही का लाइव टेलीकास्ट या वेबकास्ट करने का ऐतिहासिक फैसला दिया था. पीठ ने यह कहते हुए फैसला सुनाया था कि ”सूरज की रोशनी सबसे अच्छा कीटाणुनाशक है”.

प्रधान न्यायाधीश उदय उमेश ललित की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा है कि कार्यवाही को लाइव-स्ट्रीम करने के लिए यूट्यूब (YouTube) का इस्तेमाल करने के बजाय शीर्ष अदालत के पास जल्द ही अपना प्लेटफॉर्म होगा. पीठ ने यह बात तब कही जब बीजेपी के पूर्व नेता केएन गोविंदाचार्य के वकील ने तर्क दिया कि सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही का कॉपीराइट किसी निजी प्लेटफॉर्म को नहीं सौंपा जा सकता है.

जस्टिस एस रवींद्र भट और जस्टिस जेबी पारदीवाला वाली पीठ को वकील विराग गुप्ता ने बताया कि यूट्यूब ने स्पष्ट रूप से वेबकास्ट पर कॉपीराइट की मांग की है. 2018 के एक फैसले का जिक्र करते हुए वकील ने कहा कि यह माना गया था कि इस कोर्ट में दर्ज और प्रसारित सभी सामग्री पर कॉपीराइट केवल इस अदालत के पास होगा. उन्होंने यूट्यूब के इस्तेमाल की शर्तों का भी उल्लेख किया.

सीजेआई ने कहा, ”यह शुरुआती चरण हैं. हमारे पास निश्चित रूप से अपने प्लेटफॉर्म होंगे. हम कॉपीराइट मुद्दे का ध्यान रखेंगे.”

ऐसे देख सकेंगे कार्यवाही लाइव

एक अधिकारी के मुताबिक, webcast.gov.in/scindia/ के माध्यम से कोर्ट की सुनवाई देखी जा सकेगी. सूत्रों के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट यूट्यूब के माध्यम से कार्यवाही को लाइव-स्ट्रीम कर सकता है और बाद में उसे अपने सर्वर पर होस्ट कर सकता है. लाइव स्ट्रीम को लोग बिना किसी परेशानी के अपने मोबाइल फोन, लैपटॉप और कंप्यूटर पर देख पाएंगे.

26 अगस्त को पूर्व सीजेआई एनवी रमण के रिटायर होने के दिन पहली बार सुप्रीम कोर्ट ने एक वेबकास्ट पोर्टल के माध्यम से सीधा प्रसारण किया था. एनवी रमण की अध्यक्षता वाली पीठ की एक औपचारिक कार्यवाही का सीधा प्रसारण किया गया था.

सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों वाली संविधान पीठ कई अहम मामलों पर सुनवाई करेगी. आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EDS) को 10 फीसदी आरक्षण देने वाले 103वें संविधान संशोधन की वैधता और नागरिकता संशोधन अधिनियम की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाएं इनमें शामिल हैं.

NASA DART Mission: क्या है नासा का DART मिशन, जानें धरती को बचाने से इसका कनेक्शन

नासा (NASA) अंतरिक्ष (Space) से धरती (Earth) पर आने वाले एस्टेरॉयड ( asteroid) को रोकने के लिए मिशन डार्ट को पूरा कर लिया गया है. माना जा रहा है कि यह पूरी तरह से सफल हुआ है. हालांकि, फाइनल रिपोर्ट आने के बाद ही पूरी तरह साफ हो पाएगा कि स्पेसक्राफ्ट, एस्टेरॉइडस से टकराया या नहीं. दरअसल, इससे यह साफ हो सकेगा कि भविष्य में धरती की ओर आने वाले एस्टेरॉइडस को अंतरिक्ष में ही नासा तबाह कर पाएगा या नहीं. 

अभी तक दुनिया के किसी भी स्पेस ऑर्गेनाइजेशन ने किसी क्षुद्रग्रह या खगोलीय पिंड की दिशा बदलने की कोशिश नहीं की थी. यह पहली बार हुआ कि किसी ग्रह रक्षा प्रणाली (Planetary defense system) यानि डार्ट मिशन को सफलतापूर्वक पूरा किया गया. डबल एस्ट्रॉयड रीडाइरेक्शन टेस्ट यानी डार्ट (DART) मिशन में एक विशेष अंतरिक्ष यान को उल्कापिंड में टक्कर कराई गई. 

DART को SpaceX रॉकेट ने 2021 में लॉन्च किया था. इसके तहत धरती को डायनासोर के खात्मे जैसे महाविनाश से बचाने के लिए अंतरिक्ष में एक बहुत बड़ा प्रयोग किया गया.  नासा ने पृथ्वी को एस्ट्रॉयड के खतरे से बचाने के अभ्यास के तहत डार्ट मिशन को अंजाम दिया. 

इस खास एस्टेरॉइडस से पृथ्वी को कोई खतरा नहीं था. नासा का कहना है कि कम से कम अगले 100 सालों तक एस्टेरॉइडस से पृथ्वी को कोई वास्तविक खतरा नहीं है. माना जाता है कि उस समय के डायनासोर और अधिकांश अन्य जीवन रूप, लगभग लाखों साल पहले एक एस्टेरॉइडस की टक्कर के बाद विलुप्त हो गए थे. 

इसकी मदद से यह तय होगा कि हमारी पृथ्वी भविष्य में एस्टेरॉयड्स के हमलों से बचेगी या नहीं. आने वाले समय में धरती को जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वॉर्मिंग का सबसे बड़ा खतरा सिर्फ एस्टेरॉयड से है. ऐसी ही तबाही को रोकने के लिए नासा ने DART Mission आज पूरा कर लिया है. 

OLA Electric Scooters के इलेक्ट्रिक स्कूटर पर मिल रहा है भारी डिस्काउंट, जल्दी उठाएं मौके का फायदा

इलेक्ट्रिक टू व्हीलर बनाने वाली कंपनी ओला इलेक्ट्रिक (Ola Electric) ने अपनी फ्लैगशिप इलेक्ट्रिक स्कूटर एस 1 प्रो (S1 Pro) पर भारी डिस्काउंट का ऐलान किया है. Ola S1 Pro की शुरूआती एक्स शोरूम कीमत 1.40 लाख रुपये है. इस ऑफर के तहत ओला इस इलेक्ट्रिक स्कूटर पर ₹10,000 का डिस्काउंट दे रही है.

कंपनी ने इस डिस्काउंट ऑफर की घोषणा सोशल मीडिया के जरिए की है, जिसमें एक पोस्ट में ओला ने लिखा है, “ओला के फेस्टिव ऑफर का अधिकतम लाभ उठाएं और ओला एस 1 प्रो की खरीद पर ₹10,000 के डिस्काउंट के साथ त्योहारों का जश्न मनाएं.” इस स्कूटर पर फाइनेंसिंग का भी विकल्प मौजूद है. कंपनी का यह डिस्काउंट ऑफर 5 तक जारी रहेगा. 

कंपनी के इस डिस्काउंट ऑफर को प्राप्त करने के लिए ग्राहकों को ओला को आधिकारिक वेबसाइट पर लॉग इन करके फेस्टिव ऑफर टैब को सलेक्ट करना होगा. फिर इस स्कूटर को डिस्काउंट पर खरीदने का विकल्प चुनना होगा. इसके बाद स्कूटर की एक्स शोरूम कीमत 1.30 लाख रुपये हो जाएगी. बाकी खरीद के सभी नियम पहले की तरह हैं.

यह स्कूटर 116 किमी प्रति घंटे की अधिकतम रफ्तार से चल सकता है और इस 0 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार प्राप्त करने में केवल 3 सेकेंड का समय लगता है. यह स्कूटर एक सिंगल चार्ज में 170-180 किलोमीटर तक चल सकता है.  

इस स्कूटर में 4 kWh क्षमता का लिथियम-आयन बैटरी पैक का इस्तेमाल किया गया है. जिसे 0 से 100 प्रतिशत तक चार्ज करने में करीब 6 घंटे 30 मिनट का वक्त लगता है. यह स्कूटर भारतीय बाजार में Ather 450X Gen 3 इलेक्ट्रिक स्कूटर को टक्कर देता है.

CBI ने मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर संजय पांडे को किया गिरफ्तार, इस मामले किए गए अरेस्ट

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने 2009 से 2017 के बीच नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के कर्मचारियों की कथित फोन टैपिंग के मामले में मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त संजय पांडे को गिरफ्तार किया है. पांडे पहले से ही न्यायिक हिरासत में थे और दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद थे. उन्हें प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार किया था, जिन्होंने मामले में चार्जशीट भी दाखिल की है. अब, सीबीआई ने उसे गिरफ्तार कर लिया है और दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट के समक्ष एक रिमांड याचिका भी दायर की है, जिसने पांडे को पांच दिन की सीबीआई हिरासत में भेज दिया.

केंद्रीय जांच एजेंसी अब कुछ दस्तावेजों के साथ पांडे से भिड़ेगी. केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश पर सीबीआई ने फोन टैपिंग मामले में एनएसई की पूर्व प्रमुख चित्रा रामकृष्ण के खिलाफ नया मामला दर्ज किया था. करीब दो महीने पहले पांडे का बयान सीबीआई के मुंबई स्थित मुख्यालय में दर्ज किया गया था. सीबीआई की पूछताछ के बाद उसे छोड़ दिया गया. सीबीआई ने इस मामले के सिलसिले में मुंबई, पुणे और देश के कई अन्य हिस्सों में भी छापेमारी की थी.

सीबीआई के एक सूत्र ने बताया कि 2009 और 2017 के दौरान रामकृष्ण और पांडे ने एनएसई के कर्मचारियों के फोन अवैध रूप से टैप किए थे. “पांडे आईसेक सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड चलाते थे. यह आरोप लगाया गया है कि रामकृष्ण ने एनएसई के कर्मचारियों के फोन टैप करने के लिए इस फर्म का इस्तेमाल किया.

एनएसई कर्मचारियों द्वारा सुबह 9 बजे से 10 बजे के बीच किए गए फोन कॉल को टैप किया गया और आईसेक सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड द्वारा रिकॉर्ड किया गया. यह आरोप लगाया गया है कि पांडे ने अवैध रूप से फोन कॉल को टैप करने में मदद की.” मामले में आगे की जांच की जा रही है.