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कोरोना महामारी शुरू होने के बाद से 2.15 करोड़ लोगों को रोजगार का नुकसान हुआ

केंद्रीय पर्यटन मंत्री जी किशन रेड्डी ने सोमवार को कहा कि वर्ष 2020 के प्रारंभ में कोविड-19 महामारी (Covid-19 Pandemic) की शुरूआत के बाद से इसकी तीन लहरों के कारण पर्यटन उद्योग से जुड़े 2.15 करोड़ लोगों को रोजगार का नुकसान उठाना पड़ा है.

लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान रेड्डी ने बताया कि कोविड-19 महामारी की शुरूआत के बाद पहली लहर में देश में पर्यटकों के आगमन में 93 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई जबकि दूसरी लहर में 79 प्रतिशत और तीसरी लहर में 64 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई.

पर्यटन मंत्री ने बताया कि सरकार ने पर्यटन पर महामारी के प्रभावों को लेकर एक अध्ययन कराया है और इस अध्ययन के अनुसार, पहली लहर में 1.45 करोड़ लोगों को रोजगार का नुकसान उठाना पड़ा जबकि दूसरी लहर में 52 लाख लोगों को और तीसरी लहर में 18 लाख लोगों को रोजगार का नुकसान उठाना पड़ा.

रेड्डी ने बताया कि देश में महामारी आने से पहले 3.8 करोड़ लोग पर्यटन उद्योग से जुड़े हुए थे. उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी की तीन लहरों के दौरान पर्यटन आधारित अर्थव्यवस्था में काफी गिरावट दर्ज की गई है जिसका असर न केवल भारत में, बल्कि दुनियाभर में पड़ा है.

जी किशन रेड्डी ने हालांकि कहा कि देश में कोविड-19 रोधी टीकों की 180 करोड़ खुराक दिये जाने से सरकार को उम्मीद है कि पर्यटन क्षेत्र की स्थिति बेहतर होगी.

उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र को मदद देने के लिये सरकार यात्रा एवं पर्यटन क्षेत्र के पक्षकारों को 10 लाख रूपये तक और पर्यटन गाइडों को एक लाख रूपये तक ब्याज मुक्त रिण प्रदान कर रही है.

उन्होंने कहा, ‘‘ मैं सभी राज्य सरकारों से अपील करता हूं कि वे जिस तरह से भी हो सके, पर्यटन क्षेत्र की मदद करें.’’

मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार की पर्यटन अनुकूल पहल के कारण विश्व के पर्यटन स्थलों की रैंकिंग में भारत की स्थिति 20 स्थान बेहतर हुई है और यह वर्ष 2013 के 52वें स्थान से बेहतर होकर 2019 में 32वें स्थान पर पहुंच गई है.

उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों को प्रोत्साहित करने के लिये सरकार ने पहले ही प्रथम पांच लाख आगमन पर वीजा फीस छोड़ देने का निर्णय किया है.

मंत्री ने बताया कि कोरोना महामारी के फैलने के बाद से मार्च 2022 तक 51,960 नियमित वीजा और 1.57 लाख ई वीजा भारत द्वारा दिये गए.

Covid -19 Update : देश में 24 घंटे में सामने आए 2,503 नए मामले, 19.6 फीसदी गिरावट दर्ज

देश में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के 2,503 नए मामले सामने आए हैं और 27 लोगों की  मौत हुई है. इसके साथ ही कोविड -19 (Covid -19) के मामलों में 19.6 फीसदी गिरावट दर्ज की गई है. तो वहीं अब तक देश में कुल 42,993,494 मामले सामने आ चुके हैं.

अगर सक्रिय मामलों की बात करें तो उनकी संख्या 36,168 है. पिछले 24 घंटे में कोरोना से 4,,377 लोग ठीक हुए. इसके अलावा अब तक कुल 42,441,449 संक्रमित मरीज़ ठीक हो चुके हैं. जबकि 515,877 लोगों की मौत हो चुकी है.

मध्यप्रदेश में रविवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 56 नये मामले सामने आने से संक्रमितों की संख्या बढ़कर 10,40,692 हो गई. स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि पिछले 24 घंटों में प्रदेश में किसी व्यक्ति की मौत इस बीमारी से नहीं हुई है. राज्य में अब तक कुल 10,733 लोगों ने इस बीमारी से जान गंवाई है.

आपको बता दें कि चीन में कोरोना वायरस का संक्रमण एक बार फिर तेजी से फैल रहा है. दो साल की तबाही के बाद चीन में एक बार फिर कोरोना संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. चीन में रविवार को 3,393 नए कोविड -19 मामले दर्ज किए गए. पिछले 2 सालों में एक दिन में दर्ज संक्रमण का यह सबसे बड़ा आंकड़ा है.

“पत्‍नी नहीं है महिला”: पति ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर मांगा तलाक  

सुप्रीम कोर्ट ने तलाक की मांग करने वाले पति की याचिका पर एक पत्नी को नोटिस जारी किया है. पति ने अपनी याचिका में कहा है कि पत्‍नी ने उसे धोखा दिया है और उसके मेडिकल इतिहास से पता चलता है कि वह ‘महिला’ नहीं है. जस्टिस संजय किशन कौल और जस्टिस एमएम सुंदरेश की बेंच ने शुक्रवार को पत्नी से पति की याचिका पर जवाब दाखिल करने को कहा है, जिसमें मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्‍वालियर बैंच के 29-07-2021 के आदेश को चुनौती दी गई है

अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता के वकील ने हमारा ध्यान अन्य बातों के साथ पेज 39 पर इस तर्क पर आकर्षित किया है कि प्रतिवादी का चिकित्सा इतिहास पुरुष का प्राइवेट पार्ट और इम्परफोरेट हाइमन दिखाता है, इसलिए प्रतिवादी महिला नहीं है. 

इस मामले में मध्य प्रदेश के उच्च न्यायालय, ग्वालियर में बेंच द्वारा पारित 29 जुलाई 2021 के फैसले को चुनौती दी है, जिसके तहत ट्रायल कोर्ट के आदेश दिनांक 6 मई 2019 को प्रतिवादी के खिलाफ संज्ञान लेते हुए याचिकाकर्ता (पति) द्वारा दायर की गई निजी शिकायत को खारिज कर दिया गया था. इस आधार पर कि केवल मौखिक साक्ष्य के आधार पर और बिना किसी चिकित्सीय साक्ष्य के भारतीय दंड संहिता की धारा 420 (धोखाधड़ी) के तहत कोई अपराध नहीं बनता है. 

यह याचिका अधिवक्ता प्रवीण स्वरूप के माध्यम से दायर की गई है. इसमें कहा गया है कि पुरुष और महिला की शादी जुलाई 2016 में हुई थी. याचिका में कहा गया है कि शादी के बाद पत्नी कुछ दिनों तक मासिक धर्म से गुजरने का बहाना बनाकर दूर रही. वहीं बाद में घर छोड़ दिया और 6 दिनों की अवधि के बाद लौट आई. 

याचिका में यह भी कहा गया है कि याचिकाकर्ता अपनी पत्‍नी को मेडिकल चेक-अप के लिए ले गया, जहां यह पता चला कि उसे ‘इम्परफोरेट हाइमन’ नामक एक चिकित्सा समस्या है. महिला को सर्जरी कराने की सलाह दी गई थी, लेकिन डॉक्टर ने याचिकाकर्ता से यह भी कहा कि इसके बाद भी गर्भवती होने की संभावना लगभग असंभव है. मेडिकल जांच के बाद याचिकाकर्ता ने खुद को ठगा हुआ महसूस किया और अपनी पत्नी के पिता को फोन कर अपनी बेटी को वापस ले जाने के लिए कहा. 

Source : NDTV

एक्ट्रेस स्मिता गोंदकर ने इंटरनेट पर काटा बवाल, सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरें

अभिनेत्री स्मिता गोंदकर (Smita Gondkar) इन दिनों सोशल मीडिया पर छायी हुई हैं। हाल ही में उन्होंने इंस्टाग्राम पर अपनी कुछ तस्वीरें शेयर की हैं. तस्वीरों में स्मिता का बिंदास अंदाज़ और स्टाइल देखकर फ़ैन्स भी जमकर तारीफ़ कर रहे हैं.

महिलाएं पितृसत्तात्मक मानसिकता के अधीन हैं, जो उन्हें देखभाल करने वाली, गृहिणी मानती है: सुप्रीम कोर्ट

उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) ने गुरुवार को कहा कि महिलाएं पितृसत्तात्मक मानसिकता के अधीन हैं, जो उन्हें प्राथमिक देखभाल करने वाली और गृहिणी के रूप में मानती है और इस तरह उन पर पारिवारिक जिम्मेदारियों का एक असमान दायित्व है. 

शीर्ष अदालत ने कहा कि महिलाओं के कार्यस्थल पर पहुंचने के बाद उनके साथ भेदभाव के लगातार पैटर्न को पहचानने में राज्य द्वारा वास्तविक समानता प्राप्त करने का सही उद्देश्य पूरा किया जाना चाहिए. न्यायालय ने उल्लेख किया कि पति-पत्नी की पोस्टिंग के लिए जो प्रावधान किया गया है, वह मूल रूप से महिलाओं के लिए विशेष प्रावधानों को अपनाने की आवश्यकता पर आधारित है, जिन्हें संविधान के अनुच्छेद 15 (3) द्वारा मान्यता प्राप्त है.

न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की पीठ ने कहा, ‘‘जिस तरह से राज्य द्वारा एक विशेष प्रावधान को अपनाया जाना चाहिए वह एक नीति विकल्प है, जिसका इस्तेमाल संवैधानिक मूल्यों और प्रशासन की जरूरतों को संतुलित करके किया जाना चाहिये.”

पीठ ने कहा, ‘‘लेकिन इसमें कोई संदेह नहीं हो सकता है कि राज्य को संवैधानिक मानदंडों के अधीन एक आदर्श नियोक्ता के साथ-साथ एक संस्था के रूप में अपनी भूमिका में वास्तविक समानता के मौलिक अधिकार को ध्यान में रखना चाहिए, जब वह अपने कर्मचारी के लिए भी नीति तैयार करता है.”

पीठ ने केरल उच्च न्यायालय के उस आदेश की पुष्टि की, जिसमें अंतर-आयुक्तालय स्थानान्तरण (आईसीटी) को वापस लेने वाले एक परिपत्र की वैधता को बरकरार रखा गया था. यह कहा गया कि केंद्रीय उत्पाद और सीमा शुल्क आयुक्तालय निरीक्षक (केंद्रीय उत्पाद, निवारक अधिकारी और परीक्षक) समूह ‘बी’ पदों की भर्ती नियम 2016 में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है.

पीठ ने कहा, ‘‘महिलाएं पितृसत्तात्मक मानसिकता के अधीन हैं जो उन्हें देखभाल करने वाली और गृहिणी के रूप में मानती हैं और इस प्रकार, वे पारिवारिक जिम्मेदारियों के असमान बोझ से दब जाती हैं.”

पीठ ने कहा कि इस न्यायालय ने कार्यस्थल पर लिंग के कारण व्यवस्थागत भेदभाव के बारे में बात की है, जो पितृसत्तात्मक ढांचे में समाहित है. 

पीठ ने कहा, ‘‘कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) द्वारा समय-समय पर जारी किए गए कार्यालय ज्ञापनों (ओएम) ने माना है कि राज्य के कार्यस्थल में महिलाओं को समानता और समान अवसर प्रदान करने के मद्देनजर सरकार के लिए नीतियों को अपनाना आवश्यक हो जाता है, जो कार्यस्थल में महिलाओं के लिए औपचारिक समानता से अलग अवसर की वास्तविक समानता पैदा करता है.”

पीठ ने कहा कि महिलाओं के कार्यस्थल पर भेदभाव के लगातार पैटर्न को पहचानने में राज्य द्वारा वास्तविक समानता प्राप्त करने का सही उद्देश्य पूरा किया जाना चाहिए.

शीर्ष अदालत ने कहा कि चुनौती का दूसरा आधार जो उठाया गया है वह यह है कि लागू परिपत्र राज्य के कार्यबल में दिव्यांग व्यक्तियों की जरूरतों को ध्यान में नहीं रखता है. 

पीठ ने कहा, ‘‘दिव्यांग व्यक्तियों के अधिकार कानून, 2016 समाज के दिव्यांग सदस्यों के लिए उचित व्यवस्था के सिद्धांत को मान्यता देने के लिए एक वैधानिक आदेश है.” 

साथ ही पीठ ने कहा, इसलिए नीति के निर्माण में उस आदेश को ध्यान में रखना चाहिए, जो संसद दिव्यांगों के सम्मान के साथ जीने के अधिकार के आंतरिक तत्व के रूप में लागू करता है.

Amarnath Yatra 2022: अप्रैल से शुरू होगा अमरनाथ यात्रा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन

अमरनाथ यात्रा के लिए अप्रैल से तीर्थयात्रियों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू होगा. श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड (The Shri Amarnath Shrine Board – SASB) ने बृहस्पतिवार रात यह घोषणा की. श्राइन बोर्ड ने अप्रैल से ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से यात्रा के लिए तीर्थयात्रियों का रजिस्ट्रेशन शुरू करने की घोषणा करते हुए कहा कि दक्षिण कश्मीर के हिमालयी क्षेत्र के तीर्थस्थल में तीर्थयात्रियों की आवाजाही के लिए आरएफआईडी आधारित ट्रैकिंग की जाएगी.

एसएएसबी के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) राहुल सिंह ने जम्मू संभागीय आयुक्त राघव लैंगर की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय बैठक के दौरान आगामी यात्रा के लिए व्यवस्था की समीक्षा करने के दौरान कहा, ‘अमरनाथ यात्रा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन अप्रैल 2022 के महीने में 20,000 पंजीकरण प्रति दिन की सीमा के साथ शुरू होगा.’ 

उन्होंने कहा कि यात्रा के दिनों में निर्धारित काउंटर पर ऑन स्पॉट(तत्काल) पंजीकरण भी किए जाएंगे. राहुल सिंह ने कहा कि अमरनाथ तीर्थयात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बोर्ड ने इस साल की तीर्थ यात्रा के दौरान वाहनों और तीर्थयात्रियों की आवाजाही पर नज़र रखने को लेकर रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (Radio Frequency Identification – RFID) का उपयोग करने का निर्णय लिया है.

Gujarat : विधानसभा चुनाव में चार राज्यों में BJP की जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का गुजरात में रोड शो

उत्तर प्रदेश, मणिपुर, उत्तराखंड और गोवा विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की जीत के एक दिन बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को गुजरात में रोड शो किया.

मोदी ने रोड शो के दौरान सड़क के दोनों ओर जमा सैकड़ों समर्थकों तथा प्रशंसकों का हाथ हिलाकर अभिवादन किया. हवाई अड्डे से शुरू हुआ रोड शो करीब 10 किलोमीटर दूर गांधीनगर में भाजपा के राज्य मुख्यालय ‘कमलम’ पर समाप्त हुआ.

गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल तथा भाजपा की राज्य इकाई के अध्यक्ष सी. आर. पाटिल भी मोदी के साथ मौजूद थे.

मोदी ने इस दौरान हाथ से ‘‘वी फॉर विक्टरी (जीत)’’ का चिन्ह बनाया जिसे देखकर उत्साहित समर्थकों ने उनके समर्थन में नारेबाजी की। भाजपा के कई कार्यकर्ता भी रोड शो में शामिल हुए.

वहीं, रास्ते में कई स्थानों पर सड़क किनारे लगे मंचों पर कलाकारों ने शास्त्रीय एवं पारंपरिक नृत्य की प्रस्तुति दी. रास्ते में मोदी के पोस्टर भी लगे नजर आएं. कई पोस्टर पर रोड शो का मार्ग भी चिह्नित था. इनमें से एक पर यूक्रेन में फंसे भारतीय छात्रों को देश वापस लाने के लिए चलाए ‘ऑपरेशन गंगा’ के लिए उन्हें शुभकामनाएं दी गईं थी.

इस रोड शो को गुजरात विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी के प्रचार की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है, जो इस साल दिसंबर में होने हैं.

भाजपा के एक कार्यकर्ता ने कहा, ‘‘ गुजरात में केवल भाजपा जीतेगी. कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) के यहां आने की कोई गुंजाइश नहीं है, यह मोदी का गृह राज्य है.’’

यूक्रेन से भारतीय छात्रों को सुरक्षित वापस लाने के लिए भाजपा की एक महिला कार्यकर्ता ने मोदी को बधाई दी. उन्होंने कहा, ‘‘ भारत का एक सपूत (मोदी) देश के हजारों बेटे-बेटियों को युद्धग्रस्त क्षेत्र से सुरक्षित वापस ले आया. वह गुजरात आए हैं, हम उनका स्वागत करके खुश हैं.’’

यूक्रेन से लौटे कुछ छात्र भी भीड़ का हिस्सा थे और उन्होंने छात्रों को वापस लाने के प्रयासों के लिए मोदी और केन्द्र सरकार की सराहना की.

गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा, ‘‘ हम आश्वस्त हैं कि गुजरात में दिसंबर में होने वाले चुनाव में भाजपा की जीत होगी.’’

पार्टी के एक पदाधिकारी ने बताया कि गांधीनगर में भाजपा के राज्य मुख्यालय ‘कमलम’ पहुंचने के बाद मोदी ने गुजरात विधानसभा चुनाव की रणनीति पर भाजपा की राज्य इकाई के नेताओं के साथ बैठक की.

रेल यात्रियों के लिए अच्छी खबर, ट्रेनों में अब फिर से मिलेंगे कंबल और चादर

भारतीय रेलवे (Indian Railways) ने यात्रियों को बड़ी राहत देते हुए ट्रेनों में चादर, कंबल और पर्दे प्रदान करने की सुविधा फिर से शुरू करने का आदेश जारी किया. कोरोना वायरस महामारी (Coronavirus Pandemi)  की शुरुआत के बाद इस सुविधा पर रोक लगा दी गई थी.

रेलवे बोर्ड (Railway Board) ने सभी रेलवे जोन के महाप्रबंधकों को जारी एक आदेश में कहा कि इन वस्तुओं की आपूर्ति तत्काल प्रभाव से फिर से शुरू की जाए.

भोजन, चादर आदि प्रदान करने और अपनी अधिकांश रियायतों पर रोक लगाने वाले रेलवे ने ज्यादातर सुविधाओं को फिर से शुरू कर दिया है. एक ओर जहां यात्रियों के लिये चादर और भोजन सेवा को बहाल कर दिया गया है, वहीं रियायतों पर लगी रोक अब भी बरकरार है.

Assembly Election Results 2022: चुनावी परिणाम पर बोले शिवसेना नेता संजय राउत, “BJP को जीत हजम करना सीखना चाहिए”

देश में चार राज्यों के विधानसभा चुनाव में बीजेपी (BJP) के अच्छे प्रदर्शन के बीच शिवसेना (Shivsena) ने गुरुवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी को ”जीत हजम करना” सीखना चाहिए. साथ ही शिवसेना (Shivsena) ने चुनावी राज्यों में बीजेपी के प्रदर्शन का श्रेय उसके अच्छे चुनावी प्रबंधन को दिया. गोवा (Goa), उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) और मणिपुर (Manipur) में शिवसेना के खराब प्रदर्शन पर पार्टी के मुख्य प्रवक्ता संजय राउत (Sanjay Raut) ने कहा कि उनकी पार्टी को ‘नोटा’ (NOTA) विकल्प से भी कम वोट मिले क्योंकि उसके पास उपयोग के लिए बीजेपी जितना पैसा नहीं था.

उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के नेतृत्व वाली शिवसेना उन चुनावी राज्य में खाता तक नहीं खोल पायी, जहां उसने अपने उम्मीदवार उतारे थे. राउत ने पंजाब (Punjab) में खराब प्रदर्शन के लिए अपनी पूर्व सहयोगी बीजेपी पर निशाना भी साधा.

उन्होंने कहा, ”हार पचाना आसान है लेकिन बीजेपी को सफलता को पचाना सीखना चाहिए. केवल कुछ लोग ही सफलता पचा सकते हैं.” राउत ने कहा कि पंजाब में कांग्रेस पार्टी (Congress Party) का चुनाव प्रबंधन सही नहीं था. उन्होंने कहा, ”बीजेपी की जीत इसके अच्छे चुनाव प्रबंधन का नतीजा है.”

Assembly Election Result 2022 Live: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कार्यकर्ताओं का किया शुक्रिया, बोले – आज उत्साह और उत्सव का दिन है

Assembly Election Result 2022 Live :  आज उत्साह और उत्सव का दिन है- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “आज उत्साह और उत्सव का दिन है. ये उत्सव भारत के लोकतंत्र के लिए है. मैं चुनावों में हिस्सा लेने वाले सभी मतदाताओं को बधाई देता हूं. उनके निर्णय के लिए मतदाताओं का आभार व्यक्त करता हूं. खास कर हमारी माताओं बहनों और युवाओं ने जिस तरह से बीजेपी को समर्थन दिया है. वो बहुत बड़ा संदेश है. फर्स्ट टाइम वोटर्स ने बढ़चढ़ कर मतदान में हिस्सा लिया और बीजेपी की जीत पक्की की.” 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यकर्ताओं को किया संबोधित

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पीएम मोदी की अगुवाई में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में बीजेपी की प्रचंड बहुमत से सरकार बनने जा रही है. इन चार राज्यों में पीएम मोदी विकास और सुशासन को एक बार फिर जनता ने अपना आशीर्वाद दिया है.  

जीत के साथ होश बनाए रखना है -मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हम यूपी में प्रचंड बहुमत के साथ सरकार बना रहे हैं. उन्होंने इस जीत के लिए कार्यकर्ताओं का आभार जताया. सीएम ने कहा, “ये जीत हमें जवाबदेही का संकेत भी देता है. इसिलिए जोश के साथ साथ होश को बनाए रखना है और इससे भी मज़बूती के साथ हमें आम जनमानस के आकांक्षाओं के अनुरूप एक बार फिर अपने आप को साबित करना होगा.”

सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया ज़िक्र

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “भारतीय जनता पार्टी को देश के सबसे बड़े राज्य में प्रचंड बहुमत हासिल हुआ है. ये प्रचंड बहुमत बीजेपी के राष्ट्रवाद, विकास और सुसाशन के मॉडल को यूपी की 25 करोड़ जनता का आशीर्वाद है. इस आशीर्वाद को स्वीकार करते हुए आम जनमानस की आरकांक्षाओं के अनुरूप, सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबके प्रयास के इस मंत्र को अंगीकार करते हुए निरंतर आगे बढ़ाना होगा.”

करहल विधानसभा सीट पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बीजेपी उम्मीदवार को 66 हज़ार 782 वोटों से हरा दिया है. अखिलेश यादव को 1 लाख 47 हज़ार 237 वोट हासिल हुए जबकि बीजेपी प्रत्याशी एसपी सिंह बघेल को 80 हज़ार 455 वोट मिले. इनके अलावा बसपा के प्रत्याशी बसपा कुलदीप नारायण को 15 हज़ार 643 वोट मिले हैं. इस सीट पर 1906 वोट नोटा को पड़े हैं.

UP Assembly Election Result 2022: भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने वाराणसी की सभी आठ विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज कर ली है. बीजेपी यूपी में बड़ी जीत की ओर बढ़ रही है. चुनाव आयोग के मुताबिक शाम करीब 7 बजे तक बीजेपी 109 सीटे जीत गई है, जबकि 143 सीटों पर आगे चल रही है.

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा के मुख्यमंत्रियों को बधाई दी. उन्होंने बीजेपी में विश्वास व्यक्त करने के लिए मतदाताओं को धन्यवाद दिया.

उत्तर प्रदेश में आए चुनावी परिणामों पर एमआईएम के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी ने कहा, “राजनीतिक दल नाकामी छुपाने के लिए EVM की चीख पुकार कर रहे हैं. मैं 2019 से कहता आ रहा हूं कि EVM की गलती नहीं है, बल्कि लोगों के दिमाग में चिप डाल दी गई है यह उसकी गलती है. कामयाबी हुई है लेकिन यह कामयाबी 80-20 की कामयाबी है.” 

शुरूआती रूझानों में आम आदमी पार्टी ने पंजाब में बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है. दिल्ली में आम आदमी पार्टी कार्यालय में जश्न का माहौल 

विधानसभा चुनाव परिणाम | Vidhan Sabha Results 2022 Live : सोनू सूद की बहन मालविका सूद मोगा से, सुखबीर सिंह बादल जलालाबाद से, प्रकाश सिंह बादल  लंबी सीट से पीछे चल रहे हैं.

Assembly Election Result 2022 Live : उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के रुझानों में BJP ने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है. पंजाब में आम आदमी पार्टी ने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है. गोवा और मणिपुर में भाजपा आगे है. उत्तर प्रदेश में भाजपा अब तक 223 सीटों पर आगे है, उत्तराखंड में 37 सीटों पर आगे है. पंजाब में आम आदमी पार्टी 74 सीटों पर आगे है.

Assembly Election Result 2022 Live : उत्तराखंड में धामी और हरीश रावत दोनों पीछे

उत्तराखंड में पुष्कर सिंह धामी खटीमा और हरीश रावत लालकुआं सीट से पीछे चल रहे हैं. यहां BJP को भी बहुमत मिलता दिख रहा है. भाजपा 36 सीटों पर आगे चल रही है और कांग्रेस 18 सीटों पर आगे है.

Assembly Election Result 2022 Live : शुरुआती रुझानों में 4 राज्यों में BJP आगे, पंजाब में AAP ने बनाई बढ़त

उत्तर प्रदेश में वोटों की गिनती के बीच, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ( Samajwadi Party Chief Akhilesh Yadav ) ने ट्वीट करते हुए कहा- इम्तिहान बाकी है अभी हौसलों का वक़्त आ गया है अब ‘फ़ैसलों’ का, मतगणना केंद्रों पर दिन-रात सतर्क और सचेत रूप से सक्रिय रहने के लिए सपा-गठबंधन के हर एक कार्यकर्ता, समर्थक, नेतागण, पदाधिकारी और शुभचितंक को हृदय से धन्यवाद! ‘लोकतंत्र के सिपाही’ जीत का प्रमाणपत्र  लेकर ही लौटें!  

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सरोजनी नगर से बीजेपी उम्मीदवार राजेश्वर सिंह ने कहा कि बीजेपी (BJP) सरकार बनाने जा रही है. उन्होंने कहा कि लोगों को पीएम मोदी और सीएम योगो पर काफी भरोसा है. बीजेपी बहुमत के साथ सरकार बनाएगी.

रुझानों में बीजेपी उत्तर प्रदेश की 165 सीटों पर आगे चल रही है. जबकि पंजाब में आम आदमी पार्टी 52 सीटों पर बढ़त के साथ बड़ी जीत की ओर रुझानो में आगे बढ़ रही है. तो वहीं उत्तराखंड में बीजेपी और कांग्रेस के बीच कड़ी टक्कर दिख रही है.

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh), पंजाब (Punjab), उत्तराखंड (Uttrakhand), गोवा (Goa) और मणिपुर (Manipur) में वोटों की गिनती शुरू हो चुकी है. शुरुआत में पोस्टल बैलट की गिनती हो रही है, थोड़ी देर में ही रुझान साफ होने लगेंगे और दोपहर तक स्थिति स्‍पष्‍ट होने की संभावना है. शुरुआती रुझानों में उत्तर प्रदेश में बीजेपी आगे दिख रही है. 

जिन पांच राज्‍यों में विधानसभा चुनाव (Assembly Election 2022) के वोटों की गिनती हो रही है, वहां पंजाब को छोड़कर बाकी चारों राज्‍यों में बीजेपी की सरकार है. साथ ही बीजेपी को सरकार बनाने के लिहाज से मजबूत दावेदार भी माना जा रहा है. 

Exit polls के अनुमान भी बीजेपी के पक्ष में दिख रहे हैं. हालांकि, उत्‍तराखंड और गोवा में सीटों के लिए कड़े संघर्ष का अनुमान लगाया गया है. आबादी के लिहाज से देश के सबसे बड़े राज्‍य उत्तर प्रदेश में सीटों 403 पर सात चरणों में वोटिंग हुई थीं जबकि पंजाब में 117, उत्तराखंड में 70, मणिपुर में 60 और गोवा में 40 विधानसभा सीटों के लिए चुनाव हुए हैं.

पांच राज्यों में लगभग 1,200 हॉल में मतगणना के लिए 50,000 से अधिक अधिकारियों को तैनात किया गया है. 403 विधानसभा सीट वाले उत्तर प्रदेश में 750 से अधिक मतगणना हॉल बनाए गए हैं.  तो वहीं पंजाब में 200 से अधिक मतगणना हॉल बने हैं. 

मतगणना के दौरान Covid-19 नियमों का सख्ती से पालन किया जाएगा. प्रत्येक मतगणना अधिकारी और सुरक्षा कर्मियों को मास्क, सैनिटाइज़र, फेस शील्ड और हाथ के दस्ताने दिए जाएंगे. टीकाकरण के बावजूद, अगर किसी को बुखार या सर्दी जैसे कोविड के लक्षण हैं, तो उसे मतगणना हॉल के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी. मतगणना प्रक्रिया से पहले और बाद में मतगणना केंद्रों को सैनिटाइज किया जाएगा.